उन्नाव जिले के 12 परिषदीय स्कूलों के ऊपर से निकली हाईटेंशन लाइनें नौनिहालों और शिक्षकों के लिए खतरा बनी हैं। हाईटेंशन लाइन के साथ ही चार स्कूलों में परिसर में ही ट्रांसफार्मर लगा है। पांच दिन पहले सुमेरपुर ब्लॉक के गांव नैकामक स्थित प्राथमिक विद्यालय में एचटी लाइन का तार टूटकर गिर गया था। गनीमत रही कि घटना स्कूल खुलने से पहले हुई थी। वर्ना बड़ा हादसा भी हो सकता था। फतेहपुर चौरासी ब्लॉक क्षेत्र के गांव शकूराबाद प्राथमिक विद्यालय के ऊपर से हाईटेंशन लाइन गुजरी है। प्रधान शिक्षक विवेक कुमार शुक्ला ने बताया कि बिजली के 11 हजार वोल्टेज को लाइन स्कूल के ऊपर से निकलने से हमेशा भय बना रहता है। उन्होंने बताया कि हाईटेंशन तार के नीचे से ही गुजरते हैं। लंच के समय छात्र खेलवे भी उसी के नीचे हैं। इससे हमेशा डर बना रहता है।
2018 में हाइटेंशन लाइन टूटकर स्कूल में गिर गई थी। स्कूल प्रांगण की पास जल गई थी। इससे लगातार डर बना रहता है। सिकंदरपुर कर्ण ब्लाक के सुपासी में संचालित प्राथमिक विद्यालय के अंदर से हाईटेंशन साइन गुजरी है। परिसर में लगे दो स्कूल में 152 छात्र है। छात्रों के बीच ट्रांसफार्मर रखा है। जल निकासी की व्यवस्था न होने से मैदान में पानी भी भरा रहता है।
दूसरे स्कूल में शिफ्ट करने पड़े बच्चे
पाटन। सुमेरपुर ब्लॉक के गाँव नैकामक में संचालित प्राथमिक स्कूल में 15 सितंबर को स्कूल के अंदर से गुजरी एचटी लाइन का तार टूटकर गिर गया था। उस समय विद्यालय बंद होने से हादसा होते बच गया था। घटना से डरे अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने में भी डर रहे हैं। अभिभावकों में राजन अवस् अमित दीक्षित, रविकास तिवारी, जितेंद्र कुमार, संदीप रावत ने बताया कि स्कूल की च से सटाकर रखे गए ट्रांसफार्मर में अक्सर स्पार्किंग होती है। दाताराम ने बताया कि इंचार्ज शिक्षक प्रार्थनापत्र लेकर भगवंतनगर विद्युत उपकेंद्र था लेकिन वहां प्रार्थनापत्र लेने से मना कर दिया गया है। उच्चाधिकारियों से बात हो गयी है। मंगलवार को एसडीओ से मिलकर समस्या का समाधान कराया जाएगा तब तक प्राथमिक का शिक्षण कार्य जूनियर स्कूल में संचालित किया जा रहा है।

