जिला सीतापुर की तहसील बिसवां के बीआरसी बिसवां के स्कूल में दूसरे की मार्क्ससीट पर नौकरी कर रही महिला। आपको बताते चलें कि जिला बाराबंकी की तहसील नवाबगंज के लक्ष्मणपुर ग्राम के निवासी ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा पुत्र रामगोपाल वर्मा ने बताया कि उनकी बहन का देहांत 2 फरवरी 1996 में हो गया था उनकी बहन ने बीटीसी कर रखी थी ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि उन्हें 2015 में पता चला कि उनकी फूफा की बड़ी बेटी सुनीता और बिट्टो जोकि ग्राम डफरा तहसील बिसवां ब्लाक सकरन के निवासी है वह उनकी मृतक बहन की जगह पर सरकारी स्कूल में टीचर की नौकरी पर विद्यमान है। मामला जानकारी में आने के बाद ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा ने सीतापुर जिले के उच्च अधिकारियों से इसकी शिकायत की लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि अपने रिश्तेदारों के कहने पर ऐसा नही है तो कोई भी कार्यवाही नहीं की।
ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि 2020 में जब उन्हें पता चला कि उनके फूफा की बड़ी लड़की उनकी सगी बहन के नाम पर ही नौकरी कर रही हैं तब उन्होंने जिले के उच्च अधिकारियों शिक्षा निर्देशक और मुख्यमंत्री तक शिकायत की लेकिन उस पर कोई भी कार्यवाही नहीं हुई ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि उन्हें वह उनकी भांजी बबिता सिंह को एसटीएफ के द्वारा तीन चार बार उनके कार्यालय पर बुलाया गया और वहां पर ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा व उनकी भांजी बबिता सिंह के बयान लिए गए लेकिन कोई भी कार्यवाही नहीं हुई जब मीडिया कर्मियों ने एसटीएफ की जानकारी लेनी चाही तो ज्ञानेंद्र ने बताया कि एसटीएफ के एसआई पवन सिंह व टीम लीडर श्रीवास्तव से मुलाकात हुई और कहां की हमने सारे सबूत इकट्ठा कर लिए हैं तीन चार दिन के अंदर उनकी गिरफ्तारी कर ली जाएगी लेकिन उसके बाद कोई भी कार्यवाही नहीं हुई है।
मीडिया कर्मियों ने ज्ञानेंद्र कुमार वर्मा से पूछा कि आपने कहां-कहां पर शिकायत पत्र दिया है तो उन्होंने बताया मैंने शिक्षा महानिदेशक, शिक्षा मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार, मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार, पुलिस महानिरीक्षक, महानिदेशक एसटीएफ, जिलाधिकारी सीतापुर, बीएसए सीतापुर, एसपी सीतापुर को पत्राचार किए गए लेकिन आज तक
