एजेंसी को डाला गया काली सूची में, बैठते ही टूट गए थे बेंच
जागरण संवाददाता, पटना: स्कूलों में घटिया बेंच डेस्क की आपूर्ति करने वाली दो एजेंसियों पर 27.29 लाख रुपये का आर्थिक दंड लगाया गया है। एजेंसी ने बेंच-डेस्क बनाने में घटिया सामग्री लगाई थी, जिससे वे तुरंत बेकार हो गए। यहां तक कि बच्चों के बैठते ही टूट गए।
शिक्षा विभाग ने एजेंसी को काली सूची में भी डाल दिया है। विभाग से मिली रिपोर्ट के अनुसार स्कूलों को बेंच-डेस्क आपूर्ति करने के बाद सात लाख, सात हजार, 328 बेंच डेस्क की जांच की गई। इसमें 14 हजार, 297 बेंच डेस्क की गुणवत्ता मानक के अनुरूप नहीं थी। हालांकि शिक्षा विभाग के निर्देश पर एजेंसी ने उसे बदल दिया। रिपोर्ट के अनुसार पटना जिला सहित राज्य के स्कूलों को कुल 18 लाख 90 हजार नया
बेंच डेस्क वितरित किया गया है। स्कूलों से कहा गया है कि जहां बेंच डेस्क की कमी होगी वहां मांग अनुरूप भेजा जाएगा। शिक्षा विभाग ने कहा है कि सरकारी स्कूलों में बड़े पैमाने पर आधारभूत संरचना का निर्माण कराया जा रहा है। स्कूलों में पक्के कमरे और फ्री-फैब कमरे, शौचालय, चारदीवारी, किचन शेड, स्कूल का जीर्णोद्धार, पानी के लिए बोरिंग और सुंदरीकरण जैसे कई कार्य हो रहे हैं। यदि किसी स्कूल में घटिया बेंच डेस्क की आपूर्ति की गई है या किसी स्कूल के निर्माण
में घटिया सामग्री का इस्तेमाल हो रहा है तो अभिभावक, शिक्षक, प्रधानाध्यापक और आसपास के आम जन शिकायत कर सकते हैं। इसके लिए विभाग की ओर से पोर्टल लांच करने के साथ ही टोल फ्री नंबर जारी किया गया है। कोई भी व्यक्ति विभाग के पोर्टल या टोल फ्री नंबर-14417, 18003454417 पर शिकायत कर सकता है।
स्कूलों में घटिया बेंच-डेस्क की आपूर्ति पर दैनिक जागरण ने ध्यान आकृष्ट किया था। छह अप्रैल 2024 को प्रकाशित समाचार में बताया था कि किस तरह की सामग्री की आपूर्ति की गई है। इसके बाद जांच के लिए अधिकारियों की टीम गठित की गई। जिसमें दो एजेंसी पर कार्रवाई करते हुए आर्थिक दंड लगाया और बेंच- डेस्क बदलने का निर्देश दिया गया।

