टैरिफ इफैक्ट्स के बीच घट गए सोना-चांदी के दाम, दिल्ली-मुंबई से कोलकाता तक जानें आपके शहर के नए रेट्स
Gold Rate 8th April: 22 कैरेट सोने की कीमत 10 रुपये घटकर 82,840 रुपये के रेट से बिक रहा है. 24 कैरेट सोने की मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में नई कीमत 90, 370 रुपये है.
ट्रंप टैरिफ के चलते वैश्विक बाजार में हलचल के बीच सोने और चांदी की कीमत में मंगलवार को थोड़ी गिरावट दिखी. शुरुआती कारोबार में 24 कैरेट सोना की कीमत में 10 रुपये की कमी आयी है. गुडरिटर्न्स वेबसाइट के मुताबिक, 10 ग्राम सोने के नए रेट्स 90,370 रुपये हो गए हैं.
जबकि, चांदी की कीमत में प्रति किलो 100 रुपये की गिरावट आयी है और इसकी नई कीमत 93,900 रुपये प्रति किलो हो गई है. 22 कैरेट सोने की कीमत 10 रुपये घटकर 82,840 रुपये के रेट से बिक रहा है. 24 कैरेट सोने की मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में नई कीमत 90, 370 रुपये है. जबकि, दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 90,520 रुपये हो गई है.
मुंबई में 22 कैरेट 10 ग्राम सोने की कीमत कोलकाता, बेंगलुरू, चेन्नई और हैदराबाद की तरह 82,840 रुपये है. तो वहीं दिल्ली में 22 कैरेट सोने के नए दाम 82,990 रुपये है.
इससे एक दिन पहले, मल्टी कॉमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) के अनुसाल, ग्लोबल ट्रैड वॉर और आर्थिक मंदी के मंडराते बादल के बीच सोमवार यानी 7 अप्रैल को एमसीएक्स सोने का भाव प्रति 10 ग्राम 88 हजार है. जबकि, एमसीएक्स चांदी का भाव प्रति किलो 88 हजार 698 रुपये रहा. जबकि, इंडियन बुलियन एसोसिएशन (आईबीए) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने की कीमत प्रति 10 ग्रम 88, 170 रुपये रहा. तो वहीं, 22 कैरेट चांदी की कीमत प्रति किलो 80 हजार 823 रुपये था.
सोने का उत्पादन काफी बढ़ गया है. साल 2024 की दूसरी तिमाही में खनन से होने वाला मुनाफा करीब 950 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया. सोने का वैश्विक भंडार भी 9 परसेंट बढ़कर 2,16,265 टन हो गया है. ऑस्ट्रेलिया ने सोने का प्रोडक्शन काफी बढ़ाया है और रीसाइकिल सोने की सप्लाई में भी तेजी आई है. पिछले साल 1,045 टन सोना खरीदने वाले केंद्रीय बैंकों की तरफ से डिमांड कम हो सकती है. वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के एक सर्वे में इसका खुलासा हुआ है कि 71 सेंट्रल बैंक अपने सोने के भंडार को कम करने या बनाए रखने की प्लानिंग कर रहे हैं.
साल 2024 में सोने के क्षेत्र में विलय और अधिग्रहण में 32 परसेंट की वृद्धि हुई है, जो बाजार में पीक का संकेत है. इसके अलावा सोने-समर्थित ईटीएफ में वृद्धि उन पैटर्नों को दर्शाती है जो पिछली बार कीमतें कम होने के समय देखी गई थीं.

