उच्च शिक्षा मंत्री के नाम का इस्तेमाल कर जीएचएस में दिलवाया प्रवेश, एफआईआर
प्रयागराज। उच्च शिक्षा मंत्री रजनी तिवारी के नाम का इस्तेमाल कर बिशप डायोसिस ऑफ लखनऊ के पीए को फोन कर गर्ल्स हाईस्कूल में दो बच्चियों को प्रवेश दिलाने का मामला सामने आया है। जीएचएस की प्रधानाचार्य ने सिविल लाइंस थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
गर्ल्स हाईस्कूल की प्रधानाचार्य ने पुलिस - को बताया कि जुलाई के अंतिम सप्ताह में डायोसिस ऑफ लखनऊ के बिशप मोरिस एडगर दान के पीए आर्थी तिमोथी के पास एक महिला का फोन आया। महिला ने खुद को उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी बताया। बोला कि बिशप मोरिस एडगर दान से बात करनी है।
कहा कि उनकी दो बच्चियां हैं, जिनका प्रवेश गर्ल्स हाईस्कूल में होना है। इसके बाद कई बार महिला का फोन आया और वह
प्रवेश का दबाव बनाती रही। इसके बाद बिशप मोरिस एडगर दान के कहने पर अगस्त में दोनों बच्चियों का प्रवेश हो गया।
वहीं, स्कूल के एक कार्यक्रम में उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी को मुख्य अतिथि बनाने की बात पर चर्चा हुई जिस पर बताया गया कि दो बच्चियों के प्रवेश के लिए उनका फोन आया था। इस पर उनके नाम से किए गए फोन नंबर पर कॉल की गई तो पता चला कि यह नंबर उनका नहीं था। किसी महिला ने उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी के नाम व पद का दुरुपयोग किया।
वहीं, बच्चियों के अभिभावक से उच्च शिक्षा राज्यमंत्री के बारे में पूछा गया तो पता चला कि वह उन्हें नहीं जानते। बताया कि उन्होंने किसी से प्रवेश के लिए कोई सिफारिश ही नहीं की थी। सिविल लाइंस थाना प्रभारी रामाश्रय यादव ने बताया कि मोबाइल नंबर के आधार पर एफआईआर दर्ज की गई है।

