उत्तर प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान 2.88 करोड़ मतदाताओं के नाम कटे,
जिसमें 1.54 करोड़ महिलाएं शामिल हैं — यानी पुरुषों से 21 लाख ज्यादा।
📉 महिला-पुरुष अनुपात में चिंताजनक गिरावट
▪️ 27 अक्टूबर की फ्रीज सूची में प्रति 1000 पुरुषों पर 877 महिलाएं थीं
▪️ 6 जनवरी की मसौदा सूची में यह घटकर 824 रह गई
➡️ 43 महिलाओं की सीधी कमी
🏙️ शहरी इलाकों में सबसे ज्यादा असर
▪️ शहरी क्षेत्रों में 28% मतदाता कम
▪️ ग्रामीण क्षेत्रों में 15.23% की गिरावट
🧾 अधिकारियों के मुताबिक,
शादी के बाद महिलाओं के नाम मायके–ससुराल दोनों जगह होने,
फोटो/मोबाइल नंबर न होने और गलत गणना फॉर्म इसकी बड़ी वजह बने।
❓ सवाल यह है
क्या लोकतंत्र में महिलाओं की भागीदारी कमजोर हो रही है?
क्या जमीनी स्तर पर सत्यापन सही तरीके से हुआ?
🗳️ अपना नाम जरूर जांचें
मतदाता सूची में नाम है या नहीं – आज ही सुनिश्चित करें।
क्योंकि मतदान सिर्फ अधिकार नहीं, जिम्मेदारी भी है।

