भीषण गर्मी और लू का कहर: जनगणना कार्य आगे बढ़ाने की उठी माँग
उत्तर प्रदेश में बढ़ते पारे और जानलेवा लू के बीच शिक्षकों ने जनगणना कार्य को लेकर मोर्चा खोल दिया है। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर माँग की है कि भीषण गर्मी को देखते हुए जनगणना के कार्य को मौसम सामान्य होने तक स्थगित किया जाए।
संघ के प्रदेश अध्यक्ष विनय तिवारी एवं प्रदेश महामंत्री उमाशंकर सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि वर्तमान में प्रदेश भीषण गर्मी की चपेट में है। ऐसे में शिक्षकों से फील्ड वर्क कराना उनके स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने तर्क दिया कि गृह मंत्रालय द्वारा हाउस लिस्टिंग और हाउस सेंसेक्स के लिए 1 अप्रैल से 30 सितंबर तक का लंबा समय निर्धारित किया गया है, जो कि पूरी तरह पर्याप्त है।
छुट्टियों के बाद लगे ड्यूटी
शिक्षक नेताओं का कहना है कि जब समय की कमी नहीं है, तो परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों की ड्यूटी गर्मी की छुट्टियों के समाप्त होने के बाद लगाई जानी चाहिए। इससे कार्य की गुणवत्ता भी बनी रहेगी और शिक्षकों को राहत भी मिलेगी।
बिना 'अर्जित अवकाश' काम मंजूर नहीं
संघ ने पत्र में स्पष्ट चेतावनी भरे लहजे में कहा है कि यदि छुट्टियों के दौरान जनगणना कार्य कराना अनिवार्य है, तो विभाग को इसके बदले शिक्षकों को 'अर्जित अवकाश' (Earned Leave) प्रदान करना चाहिए। पदाधिकारियों ने दो टूक कहा कि बिना अर्जित अवकाश के गर्मी की छुट्टियों में शिक्षकों से कार्य लिया जाना कतई उचित नहीं है और संघ इसका विरोध करता है।

