Primary Ka Master Latest Updates👇

Wednesday, June 3, 2026

सीबीएसई चेयरमैन और सचिव हटाए गए

12वीं के नतीजों के 21 दिन बाद कार्रवाई : युवाओं के गुस्से के आगे झुकी सरकार

सीबीएसई चेयरमैन और सचिव हटाए गए



ओएमआर टेंडर की जांच के लिए राधा चौहान की अध्यक्षता में समिति गठित, एक माह में देगी रिपोर्ट

नई दिल्ली। 12वीं कक्षा के मूल्यांकन में मचे हाहाकार और निविदा आवंटन में अनियमितताओं को लेकर विद्यार्थियों में भारी गुस्से के बीच केंद्र सरकार ने आखिरकार केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के चेयरमैन राहुल सिंह व सचिव हिमांशु गुप्ता को हटा दिया।


साथ ही, ऑन स्क्रीन मार्किंग (ओएमआर) प्रक्रिया के लिए टेंडर जारी करने में गड़बड़ियों की जांच के लिए उच्चस्तरीय एक-सदस्यीय समिति का गठन किया है। क्षमता निर्माण आयोग की अध्यक्ष व आईएएस अधिकारी राधा चौहान की अध्यक्षता वाली इस समिति को एक महीने में विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।


सरकार ने वरिष्ठ आईएएस अफसर और केंद्रीय गृह मंत्रालय में संयुक्त सचिव लोखंडे प्रशांत सीताराम को सीबीएसई का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। वह राहुल सिंह की जगह लेंगे, जिन्हें कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव बनाया गया है। सीबीएसई के सचिव पद से हटाए गए हिमांशु गुप्ता की यह जिम्मेदारी अब वरिष्ठ अधिकारी वरुण भारद्वाज को सौंपी गई है।


कैबिनेट सचिवालय की ओर से गठित जांच समिति मुख्य रूप से तीन गंभीर पहलुओं पर गौर करेगी। जांच की जाएगी कि क्या विशिष्ट तकनीकी प्रमाणन और टर्नओवर की शर्तों को सिर्फ खास कंपनी को अनुचित लाभ पहुंचाने के लिए जानबूझकर कमजोर किया गया? यह भी देखा जाएगा कि दागी कंपनी को तरजीह क्यों मिली। टेंडर के मूल नियमों में बदलाव कर पहले से विवादित या काली सूची में डाले जाने योग्य कंपनी को इतना संवेदनशील काम किन अफसरों की मिलीभगत से दिया गया। समिति यह भी जांच करेगी कि इस डिजिटल सिस्टम का पहले कोई पायलट टेस्ट किया गया था या इसे पूर्व परीक्षण के बिना ही लागू कर दिया गया। साथ ही, इसे इतनी जल्दबाजी में क्यों लागू किया गया।


जांच के बाद होगी आपराधिक कार्रवाई


■ समिति की अध्यक्ष राधा चौहान को जांच में पूरी स्वायत्तता दी गई है। वह जांच के लिए जरूरत पड़ने पर किसी भी अन्य सरकारी विभाग से सक्षम अधिकारियों की सेवाएं भी ले सकती हैं।


■ समिति की रिपोर्ट के आधार पर घोटाले में संलिप्त अधिकारियों और निजी वेंडर पर आपराधिक मुकदमे दर्ज करने के बाद परीक्षा कराने वाली कंपनी को ब्लैकलिस्ट किया जाएगा।


गंभीर आरोप... ओएसएम का ठेका हैदराबाद की कंपनी कोएम्प्ट एडुटेक को देने के लिए सीबीएसई ने नियमों और शर्तों में फेरबदल किए। यह कंपनी पहले ग्लोबारेना के नाम से काम करती थी। 2019 में तेलंगाना बोर्ड के परीक्षा परिणामों में गड़बड़ी के आरोप लगे थे।


सार्थक ने संसदीय समिति के समक्ष दी प्रस्तुति


■ 12वीं कक्षा के छात्र सार्थक सिद्धांत (17) ने मंगलवार को संसदीय समिति के सामने पेश होकर ओएसएम से जुड़ी टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं पर प्रस्तुति दी। उसने समिति को अपनी पड़ताल के बारे में सात पन्नों में प्रक्रिया की खामियां बताईं। झारखंड निवासी सार्थक ने बोर्ड की पूरी कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया।


■ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह की अध्यक्षता वाली समिति ने बैठक में सीबीएसई अधिकारियों से कहा, आपसे अच्छा रिसर्च का काम तो इस छात्र ने किया है।


मुंबई में मंगलवार को सीबीएसई और नीट पेपर लीक मामले को लेकर युवा कांग्रेस ने प्रदर्शन किया।

सीबीएसई चेयरमैन और सचिव हटाए गए Rating: 4.5 Diposkan Oleh: UP UPDATEMART

Social media link