*अपर मुख्य सचिव के 4 जून 2026 के शासनादेश अनुसार-*
(1) अध्यापक/अध्यापिका के स्वयं / स्पाउस अथवा उनके अविवाहित पुत्र-पुत्री के दिव्यांग होने की दशा में स्थानान्तरण किया जा सकेगा।
(2) अध्यापक/अध्यापिका अथवा उनके अविवाहित पुत्र-पुत्री के कैंसर से पीडित होने की दशा में स्थानान्तरण किया जा सकेगा।
(3) अध्यापक/अध्यापिका अथवा उनके अविवाहित पुत्र-पुत्री के डायलिसिस पर होने की दशा में स्थानान्तरण किया जा सकेगा।
(4) *यदि पति/पत्नी दोनों बेसिक शिक्षा परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक हैं और उनमें से किसी के द्वारा आवेदन किया जाता है तो जहां पर शिक्षक-छात्र अनुपात न्यून होगा, उस जनपद में उन दोनों में से किसी एक का स्थानान्तरण किया जा सकेगा।*
*समस्त शिक्षक साथी जिनके पति/पत्नी परिषदीय शिक्षक हैं ,वे बिंदु 4 पर विशेष ध्यान दें-*
> आवेदन तभी करें जब आप दोनों एक साथ एक -दूसरे के नियुक्ति जनपद में रहने को तैयार हों।
*हमारे कुछ साथी आज के आदेश से थोड़ा निराश हैं ,उनका निराश होना भी स्वाभाविक है,लेकिन जनगणना कार्य को देखते हुए इस वर्ष सामान्य ट्रांसफर होने मुश्किल ही थे ,ऐसे में यह आदेश भी बहुतों के लिए संजीवनी साबित होगा।*
> सरकार से हम शिक्षकों की यही मांग है ,कि शासनादेश के अनुसार-" जिलों के अंदर और जिलों से बाहर के लिए पारस्परिक स्थानांतरण खोल दिये जायें,इससे जनगणना आदि महत्त्वपूर्ण कार्यों में कोई व्यवधान भी नहीं पड़ेगा।और शिक्षक अपने गृह जनपद या उसके आसपास के जनपद में पहुंच जाएंगे।"
✍️ *निर्भय सिंह,लखनऊ।*
