श्रेष्ठ प्रदर्शन को नियमित तैयारी करें :पार्थ सारथी
लखनऊ। परख राष्ट्रीय सर्वेक्षण को किसी अलग गतिविधि या परीक्षा के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। अगले वर्ष होने वाले इस सर्वेक्षण में श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए नियमित तैयारी की जाएगी। बुधवार को एसीईआरटी सभागार में मंडलीय कार्यशाला में अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने कहा कि इसे विद्यालयों की नियमित शिक्षण प्रक्रिया का अभिन्न अंग बनाना चाहिए। अनएडेड स्कूलों को भी इस पहल से जोड़ा जाना चाहिए।
एससीईआरटी के निदेशक गणेश कुमार ने कहा कि मंडलों के लिए राज्य स्तर पर आयोजित कार्यशाला का उद्देश्य रिपोर्ट के निष्कर्षों को जिला व विद्यालय स्तर की कार्य योजना में प्रभावी रूप से लागू कराया जाना है। आगे जिला स्तर पर भी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिससे परख-2027 में यूपी और बेहतर प्रदर्शन करे। एसीईआरटी के निदेशक पवन सचान ने कहा कि पिछले परख सर्वेक्षण का विस्तृत अध्ययन कर आगे बेहतर प्रदर्शन करने के लिए मजबूत कार्य योजना तैयार की गई है, जिसे स्कूलों में लागू कराया जाएगा।
