प्रतापगढ़। इंदौर में गाड़ी ओवरटेक करने के विवाद में युवक की हत्या करने के आरोप में नामजद प्रतापगढ़ निवासी प्राइमरी शिक्षक पर कार्रवाई हुई है। इंदौर पुलिस द्वारा उसे पकड़े जाने के बाद बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) ने उसे निलंबित कर दिया है।
प्रकरण तीन साल पुराना है। 13 अगस्त 2023 की रात कनाड़िया बाईपास इंदौर में महू शांतिनगर निवासी ट्रांसपोर्ट कारोबारी दीपक सोंधिया भोपाल जिला कोर्ट में प्रेम विवाह करके अपनी पत्नी आरती, भाई राजकुमार, भाभी, माता-पिता और परिवार के लोगों के साथ कार से महू लौट रहे थे।
कार ओवरटेक को लेकर मामूली विवाद हुआ। आरोपितों ने कार रोककर दीपक और उनके भाई राजकुमार पर चाकू और बेल्ट से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल दीपक की अगले दिन मौत हो गई थी। इसमें प्रतापगढ़ के शिक्षक समेत अन्य पर हत्या का केस दर्ज हुआ था।
पुलिस की जांच में आया था कि इस घटना में शामिल चार युवक प्रतापगढ़ से महाकाल दर्शन के लिए इंदौर गए थे। इंदौर का रहने वाला बदमाश सद्दाम उनका पुराना परिचित था, उसी ने उन्हें बुलाया था। इंदौर पुलिस ने अन्य को तो कुछ दिन में दबोच लिया, लेकिन तीन साल से शिक्षक श्रीधर पांडेय तक नहीं पहुंच पा रही थी। क्योंकि वह गिरफ्तारी से बचने के लिए मोबाइल नंबर बदलता रहता था।
वह इंदौर से भागकर अपने गांव चला आया और लालगंज तहसील के सांगीपुर ब्लाक के प्राथमिक विद्यालय दौलतपुर में बतौर शिक्षक नौकरी करता रहा। स्कूल में बतौर शिक्षक उसका नाम श्रीधर पांडेय दर्ज होने व इंदौर पुलिस के पास गौरव नाम होने से पुलिस चकरघिन्नी बनी रही। एसटीएफ ने उसे उसके घर से पकड़ा। उसे इंदौर ले गई।
बीएसए देवब्रत सिंह का कहना है कि प्रकरण की जानकारी मिलने पर तत्काल आरोपित श्रीधर को निलंबित कर दिया गया है। क्राइम का केस है तो जांच पुलिस करेगी। जांच में जो सहयोग मांगा जाएगा, वह किया जाएगा।
