सलेमपुर। फर्जी शैक्षिक प्रमाणपत्र के सहारे प्राथमिक विद्यालय में नौकरी कर रहीं बर्खास्त शिक्षिका के घर शनिवार को कोतवाली पुलिस के साथ भदोही जनपद की क्राइम ब्रांच की टीम पहुंची। कोई मौके पर नहीं मिला।
कोतवाली थाना क्षेत्र के हरनही गांव निवासी जगदीश मिश्र की बहू प्रेमलता त्रिपाठी की नियुक्ति वर्ष 2010-11 में भदोही जनपद के ज्ञानपुर ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय कंसापुर में हुई थी। इन पर फर्जी अभिलेखों के सहारे नौकरी
हासिल करने का आरोप था। मामले के जांच में आरोप सही पाए जाने पर वहां के तत्कालीन बीएसए ने उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया। साथ ही उस पर बीईओ ने मुकदमा भी दर्ज कराया। तकरीबन 22 माह बाद मामले की जांच के लिए शनिवार को भदोही की जनपद के क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर विश्व ज्योति राय सलेमपुर कोतवाली पहुंचे। जहां से स्थानीय पुलिस के साथ ब्लॉक और तहसील भी गए। जहां
से बर्खास्त शिक्षिका के परिवार रजिस्टर की नकल व वोटरलिस्ट की कापी लेकर उसके घर पहुंचे। पुलिस के आने की सूचना उसके परिवार के लोगों को पहले ही लग गई थी। इसके चलते सब घर छोड़कर फरार हो गए थे। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर विश्व ज्योति राय ने बताया कि उन्हें इस मामले की विवेचना मिली है। जिसकी तफ्तीश करने बर्खास्त शिक्षिका के घर गए थे, लेकिन वहां कोई मौजूद नहीं मिला। वहीं, कोतवाल नवीन कुमार मिश्र ने बताया कि भदोही क्राइम बांच के साथ सहयोग के लिए कोतवाली के एक एसआई को भेजा गया था।
