Primary Ka Master Latest Updates👇

Friday, August 25, 2023

शिक्षिका की तानाशाही आई सामने

 सफीपुर उन्नाव आज के डिजिटल जमाने में सब कुछ तेजी से परिवर्तित होता दिख रहा है आपको बता दें इसका जीता जागता उदाहरण उन्नाव जिले के सफीपुर ब्लॉक के अंतर्गत ग्राम मवई भान का उच्च प्राथमिक विद्यालय है हाल ही में 19 जुलाई 2023 को यहां की इंचार्ज शिक्षिका नीतू शुक्ला औचक निरीक्षण होने पर दर्जनों कमियां मिली जिस पर अधिकारी ने कलम का डंडा चलाते हुए गैर जिम्मेदार शिक्षिका को निलंबित कर दिया शिक्षिका ने अपने को साफ सुथरा साबित करने के लिए रात में चोरी से ग्राम मवई भान में अपने पति शांति मोहन जो कि बांगरमऊ में एक शिक्षक के पद पर तैनात हैं के साथ जाकर बच्चों से झूठ बोलकर कि आपके खाते में 12 सो रुपए आएंगे और आप लिस्ट पर अपने दस्तखत कर दो तो लालच में आकर बिना कुछ जानकारी के दस्तखत कर दिए जो कि वहां तैनात शिक्षक हर्ष कुमार के खिलाफ एक साजिश रच रही थी।


जिसमें एक छात्र ने दस्तखत करने से मना कर दिया तो उसको शिक्षिका के पति ने बच्चे का मुंह दवा लिया और उसका हाथ मरोड़ दिया जिससे छात्र की उंगली में काफी चोट आ गई स्थानीय जानकारी के अनुसार नीतू शुक्ला बच्चों को दूषित भोजन खिलाती थी जिसे बच्चे ना खाकर स्कूल के बाहर फेक आते थे जिसकी जानकारी ग्रामीणों ने दी दूध में पानी की अधिक मात्रा करवा देती थी फल कभी-कभी बाट जाते थे उनमें भी सड़े निकलते थे जब बच्चे इसकी शिकायत करते थे तो शिक्षिका छात्रों से कहती थी कि तुम्हारे बाप तुमको फल खिलाते हैं स्कूल में कभी पढ़ाती नहीं हैं



 फोन पर व्यस्त रहती हैं जब छात्र खाने में कीड़े या और कुछ देखते थे तो वह नीतू शुक्ला से कहते थे तो नीतू शुक्ला कहती थी तुम्हारे बाप ऐसा खाना खिला पाते हैं निलंबित शिक्षिका ने हर्ष कुमार अध्यापक को बदनाम करने की नियत से एक पुराना वीडियो एडिट करके समाचार चैनलों में चलवा दिया शिक्षक की छवि धूमिल करने का प्रयास किया है।



वीडियो कि जब पत्रकार ने जांच की तो वह गलत तरीके से पेश किया गया है और चक निरीक्षण में अधिकारियों द्वारा शिक्षिका की कई कमियां पाई गई जैसे पद का सही निर्वहन ना करना विद्यालय प्रबंधन व्यवस्था के प्रति अत्यंत उदासीन मध्यान भोजन वितरण न करना तथा वित्तीय अनियमितता पाया जाना निरीक्षण के समय उच्च अधिकारियों का गुप्त रूप से वीडियो बनाना व कार्यरत स्टाफ का गुप्त रूप से वीडियो बनाना उच्च अधिकारियों के आदेशों का पालन न करना कर्मचारी आचरण नियमावली 1956 के मूल एवं संगत नियमों के विपरीत आचरण करना विद्यालय का भौतिक शैक्षिक परिवेश दूषित करने एवं अनैतिक तरीके से कार्यरत स्टाफ पर दबाव बनाए जाने का विद्यालय में अध्ययनरत नौनिहाल बच्चों को शिक्षा नहीं प्रदान करने एवं उच्च अधिकारी स्तर पर विभाग की छवि धूमिल करने का दोषी पाया गया अब देखना यह है कि शिक्षिका पर कितनी मेहरबानी होती है या सख्त से सख्त कार्रवाई होती है।

शिक्षिका की तानाशाही आई सामने Rating: 4.5 Diposkan Oleh: Updatemarts

Social media link