जागरण संवाददाता, सासाराम : नियमित अनुश्रवण के दौरान अनुपस्थित रहने वाले शिक्षकों पर नकेल कसने का काम शिक्षा विभाग द्वारा लगातार किया जा रहा है। इस माह एक से 13 अप्रैल तक हुए निरीक्षण में बगैर सूचना के अनुपस्थित रहे 55 शिक्षकों का अनुपस्थिति अवधि का वेतन काटा गया है। यह कार्रवाई डीपीओ सर्व शिक्षा ने काम नहीं तो वेतन नहीं के तहत की है। किसी का एक तो किसी का दो व तीन दिन का वेतन काटा गया है। सबसे अधिक महिला शिक्षक अनुपस्थित पाई गई हैं, जिनका वेतन काटा गया है। डीपीओ सर्व शिक्षा राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि सरकारी विद्यालयों में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मुहैया कराने के उद्देश्य पिछले वर्ष जुलाई से ही सतत
अनुश्रवण कार्य किया जा रहा है। इसके तहत बच्चों तथा शिक्षकों की शत प्रतिशत नियमित उपस्थिति पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इस माह एक से 13 जुलाई तक किए गए अनुश्रवण में 55 शिक्षक बिना सूचना व वाजिब कारण के विद्यालय से अनुपस्थित मिले हैं, जिनका वेतन काम नहीं तो वेतन नहीं (नो वर्क, नो पेमेंट) के तहत अनुपस्थिति अवधि का काटा गया है। इस कार्रवाई पर डीईओ का भी अनुमोदन प्राप्त है। कार्रवाई से संबंधित शिक्षकों के अलावा प्रधानाध्यापक, बीईओ व कोषागार कार्यालय को भी अवगत करा दिया गया है। इसके बावजूद अनुपस्थिति अवधि का वेतन भुगतान होता है तो संबद्ध कर्मी व अधिकारी दोषी माने जाएंगे।

