उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अन्य कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है। कैबिनेट ने शिक्षा जगत के लिए ऐतिहासिक कैशलेस मेडिकल बीमा योजना को मंजूरी दे दी है, जिसके तहत पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज हो सकेगा।
इस फैसले से बेसिक शिक्षा विभाग के लाखों शिक्षकों और कर्मियों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। इसी तरह, माध्यमिक शिक्षा विभाग के अधीन कार्यरत शिक्षकों को भी पांच लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिल सकेगा।
सरकार के इस निर्णय से फतेहपुर के खजुहा ब्लॉक के मडराव गांव में सरकारी शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अन्य कर्मचारियों में खुशी की लहर है। शिक्षकों ने अपनी इस बड़ी मांग को पूरा करने के लिए योगी सरकार का आभार व्यक्त किया है।
शिक्षक विजय नारायण ने कहा कि कैशलेस इलाज की सुविधा से अब उनकी स्वास्थ्य संबंधी बड़ी चिंता दूर हो गई है।
वहीं, शिक्षक अंकित पटेल ने बताया कि अब वे स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को छोड़कर विभागीय कार्यों का कुशलतापूर्वक निर्वहन कर सकेंगे।
विद्यालय की रसोइया रन्नो देवी ने भी सरकार के इस फैसले का समर्थन करते हुए कहा कि यह रसोइयों के लिए भी बड़ा हितकारी निर्णय है। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती कई सरकारों ने उनके स्वास्थ्य के बारे में नहीं सोचा, लेकिन केंद्र में मोदी और उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार आने के बाद से कर्मचारी और शिक्षक दोनों बेहतर ढंग से अपने कार्य को अंजाम दे पा रहे हैं।

