25 लाख बीमा क्लेम दिलाने के नाम पर सेवानिवृत्त शिक्षक से 42 लाख ठगे, 2013-14 में कराई थी पॉलिसी
ब्योरे मऊ गांव निवासी सेवानिवृत्त शिक्षक से 25 लाख रुपये की बीमा धनराशि का झांसा देकर 42 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़ित राममिलन कंपोजिट विद्यालय बलापुर में प्रधानाध्यापक पद से वर्ष 2025 में सेवानिवृत्त हुए थे।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2013-14 में उन्होंने एक बीमा कंपनी में पॉलिसी कराई थी। दो वर्ष बाद एजेंट की मौत होने के बाद उन्होंने किस्त जमा नहीं की। वर्ष 2021 में राहुल जैन उर्फ सिद्धार्थ नामक व्यक्ति ने फोन कर बताया कि उनकी बीमा पॉलिसी की 25 लाख रुपये की राशि परिपक्व हो चुकी है। यह राशि इनकम टैक्स के दायरे में आती है, इसलिए पॉलिसी की रकम प्राप्त करने के लिए टैक्स जमा करना होगा।
उसने मनोज कुमार गुप्ता को इनकम टैक्स ऑफिसर बताकर उनके नाम एक पत्र लिखाकर व्हाट्सएप पर मंगवाया। राहुल के झांसे में आकर उन्होंने बताए गए बैंक खाता संख्या 37144592964, एसबीआई शाखा साउथ एक्सटेंशन, नई दिल्ली में अलग-अलग तिथियों पर करीब 42 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। आखिरी किस्त करीब दो लाख रुपये उन्होंने छह अगस्त 2025 को जमा की थी।
उस समय ये आश्वासन दिया गया कि एक सप्ताह के भीतर बीमा की धनराशि आपके खाते में भेज दी जाएगी। जब धनराशि नहीं आई तो उन्होंने राहुल से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसने टालमटोल शुरू कर दी। थानाध्यक्ष विवेक वर्मा ने बताया कि राहुल जैन उर्फ सिद्धार्थ, मनोज कुमार गुप्ता व अज्ञात खाता धारक के खिलाफ साइबर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है।

