आवासीय विद्यालय में छात्राओं के बीमार होने की शिकायत पर जांच के दिए आदेश
प्रयागराज। जनसुनवाई में बृहस्पतिवार को एक अधिवक्ता ने डीएम से गंगापार स्थित एक आवासीय विद्यालय की प्रधानाचार्य पर खराब भोजन से छात्राओं के बीमार पड़ने और बदसलूकी का आरोप लगाते हुए शिकायत की है। मामले में डीएम मनीष कुमार वर्मा ने मुख्य विकास अधिकारी को जांच के निर्देश दिए हैं।
अधिवक्ता सुशील कुमार पांडेय ने डीएम से बताया कि आवासीय विद्यालय में उनकी भतीजी छठी की छात्रा है। आरोप है कि नौ फरवरी को सूचना मिली कि भतीजी की तबीयत खराब है। वह अपनी भतीजी को लेने विद्यालय पहुंचे तो देखा एक अन्य छात्रा भी पार्क में बीमारी से तड़प रही थी। प्रधानाचार्य से मिलकर कारण जानना चाहा तो उन्होंने बदसलूकी की।
वह भतीजी को लेकर चले गए और उसके ठीक होने के बाद जब उनके भाई अपनी बेटी को लेकर विद्यालय पहुंचे तो प्रधानाचार्य विद्यालय में प्रवेश नहीं करने दी। उसने पहले फिटनेस
खराब भोजन से छात्राओं के बीमार पड़ने और प्रधानाचार्य पर बदसलूकी का आरोप
सर्टिफिकेट लाने की बात कही। फिटनेस सर्टिफिकेट लेकर जाने के बाद भी प्रवेश से रोक दिया गया। इसकी शिकायत जिला समाज कल्याण अधिकारी से की। आरोप है कि जिला समाज कल्याण अधिकारी के निर्देश के बावजूद प्रधानाचार्य छात्रों को विद्यालय में प्रवेश नहीं करने दे रही है। सुशील कुमार पांडेय ने प्रधानाचार्य को बर्खास्त या स्थानांतरित किए जाने की मांग की। उन्होंने दावा किया कि विद्यालय में हो रहीं गड़बड़ियां सीसीटीवी कैमरे में कैद हैं, जिन्हें देखकर उनकी शिकायत की पुष्टि की जा सकती है। मामले की शिकायत पर डीएम ने मुख्य विकास अधिकारी को जांच करने और गड़बड़ी मिलने पर विस्तृत रिपोर्ट देने को कहा है। साथ ही जिला कार्यक्रम अधिकारी को भी वहां बनाए जाने वाले भोजन की जांच कराने के निर्देश दिए हैं

