Primary Ka Master Latest Updates👇

Thursday, February 19, 2026

विधानसभा बजट सत्र के आठवें दिन सदन में शिक्षा व्यवस्था का गंभीर मुद्दा उठाया।

विधानसभा बजट सत्र के आठवें दिन सदन में शिक्षा व्यवस्था का गंभीर मुद्दा उठाया।


जब शिक्षा के लिए बजट में केवल लगभग 12% प्रावधान है, तो गुणवत्तापूर्ण शिक्षा कैसे सुनिश्चित होगी। प्रदेश में 69,000 शिक्षकों की भर्ती लंबित है, जबकि पिछले सात वर्षों में लगभग 30,000 शिक्षक सेवानिवृत्त हो चुके हैं। 9,508 से अधिक एकल शिक्षक विद्यालयों में करीब छह लाख बच्चे पढ़ रहे हैं — यह स्थिति चिंताजनक है।



डिजिटल शिक्षा के दावों पर भी तथ्य रखे गए। बड़ी संख्या में विद्यालयों में टैबलेट और लैपटॉप उपलब्ध नहीं हैं, जबकि डिजिटल साक्षरता आज की आवश्यकता है।





ASER रिपोर्ट के अनुसार कक्षा 8 के 45% विद्यार्थी गुणा-भाग नहीं कर पाते और 23% बुनियादी जोड़-घटाव में कमजोर हैं। विद्यालयों के मर्जर से ग्रामीण क्षेत्रों, विशेषकर बेटियों की शिक्षा पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है।





सरकार से स्पष्ट पूछा कि शिक्षकों की भर्ती कब होगी और शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए ठोस रोडमैप क्या है। शिक्षा प्रदेश के भविष्य का प्रश्न है — इस पर तत्काल और ठोस कार्रवाई आवश्यक है।

विधानसभा बजट सत्र के आठवें दिन सदन में शिक्षा व्यवस्था का गंभीर मुद्दा उठाया। Rating: 4.5 Diposkan Oleh: UP UPDATEMART

Social media link