छह मार्च तक फार्म-6 भरने वालों का अंतिम मतदाता सूची में आएगा नाम
प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) अभियान ने अब अंतिम चरण में प्रवेश कर लिया है। भारत निर्वाचन आयोग द्वारा तय कार्यक्रम के अनुसार छह मार्च तक दावे और आपत्तियां दाखिल करने की अंतिम तिथि थी। इन सभी आवेदनों के निस्तारण की प्रक्रिया का शुक्रवार को अंतिम दिन है। जिनके नाम छह जनवरी की ड्राफ्ट मतदाता सूची में नहीं थे और उन्होंने छह मार्च तक फार्म-6 भर दिया है, उनके नाम 10 अप्रैल को जारी होने वाली अंतिम मतदाता सूची में आ जाएगा।
छह जनवरी को ड्राफ्ट मतदाता सूची में कुल 12.55 करोड़ मतदाता शामिल थे। छह मार्च तक दावे व आपत्तियों के चरण में कुल नाम जुड़वाने के लिए 86.69 लाख फार्म 6 जमा हुए हैं, जबकि मतदाता सूची से नाम हटवाने के लिए 2.68 लाख फार्म-7 प्राप्त हुए हैं। बड़ी संख्या में आए इन आवेदनों की जांच, सत्यापन और सुनवाई का काम जिला स्तर पर अब अंतिम चरण में है। नोटिस चरण में वर्ष 2003 की मतदाता सूची से
जिनके रिकार्ड का मिलान नहीं हो पाया था, वैसे कुल 1.04 करोड़ मतदाता थे, वहीं तार्किक विसंगति वाले 2.22 करोड़ मतदाताओं को नोटिस देकर सुनवाई की गई है। सुनवाई का काम पूरा हो चुका है। चुनाव आयोग सभी वैध दावों और आपत्तियों के निस्तारण के बाद 10 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित करेगा। इस सूची में केवल उन्हीं लोगों के नाम शामिल किए जाएंगे, जिन्होंने निर्धारित समय सीमा यानी छह मार्च तक फार्म-6 जमा किया है और जिनके आवेदन सही पाए गए हैं। हालांकि, छह मार्च के बाद भी फार्म-6 जमा किए गए हैं, लेकिन ऐसे आवेदनों को अंतिम सूची में शामिल किया जाएगा या नहीं, इस पर अभी कोई स्पष्ट निर्णय नहीं लिया गया है।

