चेतावनी: छोटा सा ई-मेल लिखने में एआई सोख जाता है आधा बोतल पानी।नई दिल्ली/कैलिफोर्निया, एजेंसी :
जिस एआई (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) को हम बड़ी सुविधा के लिए मददगार उपकरण समझते हैं, वह धीरे-धीरे हमारी धरती की जलवायु और पानी दोनों के लिए बड़ा खतरा बनता जा रहा है। वैज्ञानिकों के अनुसार, जब आप एआई चैटबॉट से 100 शब्दों का एक छोटा-सा ई-मेल लिखवाते हैं, तो उसके लिए डेटा सेंटरों में लगभग 519 मिलीलीटर यानी आधी पानी की बोतल के बराबर पानी खर्च हो जाता है। यह चेतावनी है कि तकनीक का इस्तेमाल जिम्मेदारी से किया जाए।
समझदारी से करने की आदत डालें
यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया के वैज्ञानिकों ने इस पर्यावरण समस्या से पर्दा उठाया है। शोधकर्ताओं ने पाया कि अगर एआई से 10 से 50 सवाल-जवाबों की एक लंबी बातचीत होती है, तो पानी की खपत का यह आंकड़ा और बढ़ जाता है। शोध के मुताबिक माइक्रोसॉफ्ट और यूनिवर्सिटी पार्किंग में प्रकाशित हुई एक रिपोर्ट में कहा गया कि एआई डेटा सेंटर वर्ष 2010 के सामान्य सर्वर डेटा सेंटरों की तुलना में कई गुना अधिक ऊर्जा और पानी का उपयोग करते हैं।
पानी की जरूरत क्यों
U3I जैसे बड़े मॉडल और शहरों में गर्मी पैदा करने वाले औद्योगिक हीटरों की तरह होते हैं।
एआई ट्रेनिंग में इस्तेमाल एनवीडिया की एक जीपीयू चिप प्रतिदिन 300 से 700 वाट बिजली की खपत करती है।
इसकी गर्मी को बाहर निकालने के लिए कूलिंग तकनीक का इस्तेमाल होता है, जिसमें उपयोग होने वाला पानी वाष्पित हो जाता है, जो गर्मी को सोख लेता है।
कहां से आ रहा जल
रिपोर्ट के अनुसार, एआई डेटा सेंटर 36 देशों से जल लेते हैं। इनमें से 6 प्रतिशत हिस्से में दिल्ली, मैक्सिको, दुबई जैसे शुष्क इलाकों से भी पानी लिया गया। माइक्रोसॉफ्ट ने 2023 में 42 प्रतिशत हिस्सा पीने योग्य जल लेने की सूचना दी, जबकि 15 प्रतिशत जल उन क्षेत्रों से निकाला गया जहां जल की कमी वाले क्षेत्र थे।
गूगल
2024 में कंपनी ने वैश्विक स्तर पर 8.1 अरब गैलन पानी का इस्तेमाल किया। इसका 95 प्रतिशत हिस्सा डेटा सेंटरों में इस्तेमाल हुआ। वर्ष 2022 में भी इनका जल उपयोग बढ़ा था।
अमेरिका की डॉट सेंटर
वर्ष 2023 में अमेरिका का डेटा सेंटर उद्योग 17.4 अरब गैलन पानी की खपत करता था। आने वाले वर्षों में इसमें और वृद्धि की आशंका जताई गई है।
कंपनियों में खपत
माइक्रोसॉफ्ट
ओपनएआई-4 को विकसित किया गया था। इसी लिए एक ट्रेनिंग रन के दौरान जुलाई 2022 से 11.5 मिलियन लीटर और अगस्त 2022 में 13.4 मिलियन लीटर पानी की खपत हुई थी। वर्ष 2023 में कंपनी का कुल जल उपयोग 8.13 बिलियन लीटर पानी का बताया गया।
बिजली का इस्तेमाल
एक नई रिपोर्ट के अनुसार, 2030 तक एआई डेटा सेंटर इस्तेमाल होने वाली कुल बिजली का 3 प्रतिशत उपयोग करेंगे। इसके अलावा, एआई चिप्स के ज्यादा उपयोग से ऊर्जा की मांग भी बढ़ेगी।

