पटनाः बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की टीआरई-1, टीआरई-2 और टीआरई-3 के तहत चयनित विद्यालय अध्यापकों की मूल सेवा पुस्तिका के संधारण को लेकर जिला शिक्षा कार्यालय ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। सेवा पुस्तिका के संधारण के नाम पर विद्यालय या बीआरसी स्तर पर शिक्षकों को परेशान करने और अवैध राशि की मांग की शिकायतों पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना), पटना डा. जमाल मुस्तफाद्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि मूल सेवा पुस्तिका के संधारण की प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर अनावश्यक परेशानी या राशि की मांग बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि किसी प्रखंड के कर्मी, प्रधान शिक्षक या प्रधानाध्यापक के विरुद्ध अवैध राशि वसूली की सूचना मिलती है, तो उनके खिलाफ बिना स्पष्टीकरण पूछे सीधे अनुशासनिक कार्रवाई शुरू की जाएगी। निर्देश के अनुसार शिक्षक को मूल सेवा पुस्तिका विद्यालय के प्रधान शिक्षक को उपलब्ध कराने के बाद तीन दिनों के भीतर सत्यापन कर प्रखंड कार्यालय को भेजना होगा।
