शिक्षामित्रों का विधायक आवास पर उपवास
बैरिया / लालगंज। पिछले करीब चार साल से सम्मानजनक पगार के लिए अनुनय-विनय कर रहे शिक्षा मित्रों ने कर लिया है। प्रशिक्षित वेतनमान देने समेत अन्य मांगों को लेकर शिक्षामित्रों ने रविवार को विधायक सुरेंद्र सिंह के आवास पर एक दिवसीय उपवास रखा। तत्पश्चात अपनी मांगों से संबंधित मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन विधायक को सौंपा।
शिक्षामित्र संघ के जिला प्रभारी पंकज सिंह ने कहा कि प्रदेश की योगी सरकार ने करीब चार साल पहले शिक्षामित्रों की आशाओं को मामूली बल देते हुए मानदेय में बढ़ोत्तरी को थी। हालांकि आज के आर्थिक युग में 10 हजार रुपये प्रतिमाह का मानदेय के ट के मुंह में जौरा के समान है। इतने कम पगार में परिवार का भोजन बच्चों की पढ़ाई, माता-पिता इलाज आदि का खर्च उठाना असंभव हो गया है। हालात यह है कि आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए शिक्षा मित्र दिन प्रतिदिन कर्ज में डूबता जा रहा है। आर्थिक तंगो और भविष्य की चिंता के कारण उत्पन्न तनाव ने पिछले करीब चार सालों में हजारों शिक्षामित्रों की जान ले ली है।
21 साल के सेवा के बावजूद शिक्षामित्रों को प्रदेश सरकार सफाईकमी और होमगार्ड के जवान से भी नीचे मान रही है, जबकि साथ हो काम कर रहे शिक्षकों को उसी काम के लिए 50 हजार से एक लाख तक दिये जा रहे है। विधायक सुरेन्द्र सिंह ने कहा कि शिक्षक होने के नात शिक्षामित्रों को पौड़ा मुख्यमन्त्री के समक्ष तीन बार रखा हूँ। पुनः भी रखूंगा।
इस अवसर पर श्यामनंदन मिश्र, राकेश पाण्डेय, अमित मिश्र, अमृत सिंह, निर्भय कुशवाहा, धर्मनाथ सिंह, दिलीप प्रसाद मनीष सिंह, शिव कुमार सिंह, मंजूर हुसैन, संजीव सिंह, दीप नारायण मिश्र, माधव यादव, अवधेश भारती, अक्षय लाल, विनोद कुमार, प्रदीप, कुमार, संतोष यादव, वृज विहारी, राजदेव यादव, हंस नाथ गिरी, जितेंद्र ओझा परमात्मा, नथुनी राम, सुरेन्द्र नाथ, विनोद चौधे, सोहन पाण्डेय, राम रत्न, सनोज कुमार, रंजीत मौर्या, रमेश चौबे, संतोष, हरिनाथ प्रसाद, अमरजीत सिंह, गुप्तेश्वर सिंह, चन्द्रशेखर सिंह आदि मौजूद रहे।

