प्रयागराज। बैंक घोटाला में आरोपित पति का साथ देने पर प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका मानसी पांडेय की जमानत अर्जी अपर जिला जज डॉ. दिनेश चंद्र शुक्ल ने खारिज कर दी है। अभियोजन की ओर से एडीजीसी सुशील वैश्य ने जमानत सा विरोध किया। कोर्ट ने कहा कि शिक्षिका के खाते में दो करोड़ से ज्यादा का लेनदेन हुआ है, जिसका कोई भी प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया है। जबकि सरकारी शिक्षिका की वार्षिक आय तीन लाख रुपए होती है। खाता संचालक के बिना जानकारी के इतनी बड़ी रकम का लेनदेन संभव नहीं है।
बैंक शाखा प्रबंधक अमित मालबीब ने पांच अप्रैल 2020 को थाना सिविल लाइन में अंशुमान दुबे पर साढ़े नौ करोड़ रुपए गमन करने का मुकदमा दर्ज कराया था। अंशुमान पर आरोप है कि सिविल लाइन स्थित बैंक में बड़े अधिकारी रहते हुए बैंक के रुपयों का गबन करके पली के नाम जमीन व खातों में जमा किया। मामले में पुलिस ने 41 लोगों के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया है।


