कई स्कूलों पर समय से नहीं पहुंचते हैं शिक्षक
शाहगंज। शासन और जिला प्रशासन के आदेशों को घोरावल विकास खंड के कई परिषदीय a B C स्कूलों में तैनात शिक्षक ठेंगा दिखा रहे हैं। अध्यापक अपनी मर्जी से DE स्कूल जाते हैं और आते हैं। अध्यापकों की इस कार्यशैली से बच्चों की उपस्थिति स्कूल में तेजी से घटने लगी है। सोमवार को अमर उजाला की टीम शिक्षकों की उपस्थिति जानने के लिए कई विद्यालयों पर पहुंची तो हकीकत सामने आ गई।
सुबह दस बजे प्राथमिक विद्यालय महूआव पांडेय (केवटा) में शिक्षामित्र अनंत सिंह मौजूद मिले। विद्यालय में पंजीकृत 44 बच्चों में से सिर्फ 13 उपस्थित थे। शिक्षामित्र अनंत सिंह ने बताया कि प्रभारी प्रधानाध्यापक उमेश यादव छुट्टी पर हैं तो सहायक अध्यापिका दीप्ती तिवारी आ रही होंगी। साढ़े दस बजे तक कोई अध्यापक विद्यालय नहीं पहुंचा था। प्राथमिक विद्यालय तेंदुई में प्रधानाध्यापक मौजूद थे लेकिन सहायक अध्यापिका छुट्टी पर थीं।
इसी तरह प्राथमिक विद्यालय नौडिहा में मात्र 30 बच्चों का ही नामांकन है, जिसमे 13 ही उपस्थित रहे। यहां दो अध्यापक और एक शिक्षा मित्र की तैनाती है। प्रधानाध्यापक कौशलेंद्र यादव और शिक्षा मित्र मौजूद मिले लेकिन सहायक अध्यापिका छुट्टी पर थीं। वहीं प्राथमिक विद्यालय जमगांव में शिक्षामित्र के अलावा कोई अध्यापक समय से स्कूल नही पहुंचा था। इस संबंध में बेसिक शिक्षाधिकारी डॉ. हरिवंश कुमार का कहना है कि निर्धारित समय पर शिक्षकों को स्कूल पहुंचने का निर्देश है। विलंब से स्कूल पहुंचने या बिना अवकाश लिए अनुपस्थित रहने वाले शिक्षकों पर कार्रवाई की जाएगी।
