मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने जारी किए निर्देश
लखनऊ। प्रदेश के सभी सरकारी विभाग 25 दिसंबर से पेपरलेस हो जाएंगे। जिले से लेकर शासन स्तर तक के विभागों को ई ऑफिस में तब्दील करने के लिए 25 दिसंबर तक का समय दिया गया है। इस संबंध में अपर मुख्य सचिवों से लेकर जिलाधिकारियों और मंडलायुक्तों से लेकर पुलिस अधीक्षकों तक को अपने-अपने कार्यक्षेत्र को ई ऑफिस में बदलने है। का लक्ष्य दिया गया है।
कामकाज को पारदर्शी, तेज, कार्यक्षमता में सुधार के लिए प्रदेश के सभी सरकारी विभागों को पेपरलेस यानी ई ऑफिस बनाया जा रहा है। आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स रहा है। आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के अंतर्गत नेशनल इन्फॉर्मेशन सेंटर (एनआईसी) द्वारा सचिवालय स्थित सभी विभागों को ई ऑफिस में तब्दील किया जा चुका है। अब प्रदेश के सभी विभागों में इसे लागू करने का फैसला लिया गया
ई ऑफिस प्रणाली को प्रदेश में लागू करने के लिए सचिवालय प्रशासन, विभागाध्यक्ष कार्यालय, जनपद एवं मंडल स्तरीय कार्यालय और पुलिस विभाग को स्टेट डाटा सेंटर बनाया गया है। 16 निदेशालय, 24 सार्वजनिक उपक्रम व संस्थान और पुलिस विभाग के नौ कार्यालयों में ई ऑफिस प्रणाली का सफल परीक्षण हो चुका है और सिस्टम का इस्तेमाल हो रहा है। अब अन्य विभागों व कार्यालयों को ई ऑफिस बनाने के लिए चरणबद्ध रूप से समय सीमा दी गई है। अलग-अलग विभागों में क्रियान्वयन के लिए दस चरण बनाए गए हैं। जिसमें प्रत्येक चरण की समय सीमा न्यूनतम सात दिन से 90 दिन तय की गई है। ई ऑफिस के लिए संबंधित विभाग के विभागाध्यक्ष की जिम्मेदारी केवल नोडल अधिकारी की नियुक्ति और कार्यालय स्तर पर ई ऑफिस यूजर के नाम तक ही होगी।

