फिरोजाबाद। परिषदीय स्कूलों के बच्चों को पढ़ाने के लिए ऑनलाइन पाठ्य सामग्री तैयार करा रही है, लेकिन शिक्षकों की इसमें रुचि नहीं दिखाई है। शासन से जारी मई की रिपोर्ट में दीक्षा एप पर कंटेंट प्ले करने वालों की संख्या बेहद कम है। इस पर बीएसए ने इस कार्य के लिए तैनात 10 एआरपी को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए दीक्षा एप का संचालन सभी शिक्षकों से कराने के निर्देश दिए हैं।दीक्षा एप सरकार द्वारा तैयार किया गया है। इस एप पर विभाग द्वारा 16748 डिजिटल कंटेंट शिक्षकों एवं बच्चों के उपयोग के लिए उपलब्ध कराए गए हैं। शिक्षकों के क्षमता संवर्धन विभाग द्वारा समय-समय पर दीक्षा के माध्यम से शिक्षक प्रशिक्षण भी कराए जाते हैं। 21 मार्च को जिले के दस एआरपी को दीक्षा एप पर कार्य कराने एवं समीक्षा के लिए नामित किया था, जिससे जिले की रैंक अच्छी रहे, लेकिन मई के दूसरे सप्ताह में दीक्षा एप का प्रयोग मात्र 1220 डिवाइस पर किया है तथा 3661 कंटेंट ही प्ले किए गए हैं। बताया जाता है कि अभी भी 1150 शिक्षकों द्वारा अपनी दीक्षा प्रोफाइल में विकास खंड एवं स्कूल की मैपिंग नहीं की गई है। इनका डाटा रिपोर्ट में अनमैप्ड डाटा के रूप में प्रदर्शित हो रहा है।
ब्लॉक में जिन स्कूलों की स्थिति रिपोर्ट में दिखाई दे रही है, उन स्कूल ने ही मैपिंग की है। बीएसए आशीष कुमार पांडेय ने एआरपी को भेजे नोटिस में कहा है कि शिक्षकों द्वारा दीक्षा एप प्रोफाइल पर विकास खंड एवं स्कूल की मैपिंग करनी है। इस कार्य को एआरपी कराएं। वहीं यह भी सुनिश्चित करें कि शिक्षकों द्वारा कक्षा शिक्षण में डिजिटल कंटेंट का प्रयोग हर सप्ताह किया जाए।
इन एआरपी से मांगा है जवाब
अंजना यादव अरांव, किशनपाल एका, अजय पाल सिंह, जसराना, रोहिताश्व श्रीवास्तव शिकोहाबाद, अमरनाथ सिंह नारखी, रामकुमार शर्मा फिरोजाबाद, पुष्पेंद्र सिंह टूंडला, वीर नारायण खैरगढ़, योगेंद्र सिंह मदनपुर, रविशंकर शर्मा नगर क्षेत्र।

