कैसलेस चिकित्सा की सुविधा नही मिलने पर जताई नाराजगी
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय अनुदानित महाविद्यालय स्ववित्तपोषित शिक्षक संघ के अध्यक्ष डॉ. अवनीश कुमार सिंह के नेतृत्व में शनिवार को शिक्षकों की बैठक हुई। इसमें कैशलेश चिकित्सकीय सुविधा सहायता के संबंध में चर्चा की गई। उच्च शिक्षा के शिक्षकों को केसलेश चिकित्सा सुविधा नहीं मिलने पर नाराजगी व्यक्त की गई। प्राध्यापकों ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने चिकित्सकीय सुविधा सहायता केवल बेसिक और माध्यमिक शिक्षकों को देने का फैसला किया है। जबकि उच्च शिक्षा के शिक्षकों वित्तपोषित एवं स्ववित्तपोषित शिक्षकों को इस लाभ से वंचित कर दिया गया है। बैठक में शिक्षक इसे न्यायोचित न मानते हुए मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री को उनके मेल पर ज्ञापन भेजकर उक्त समस्याओ से अवगत कराया।
मांग किया कि उच्च शिक्षा के शिक्षकों को भी इस कैशलेश चिकित्सकीय सुविधा का लाभ देना चाहिए। सबका साथ सबका विकास के विजन को लेकर चलने वाली यह सरकार ऐसा नहीं कर सकती। बैठक मे महामंत्री डॉ. जय कुमार तिवारी, उपाध्यक्ष डॉ. रविकांत सिंह, कोषाध्यक्ष डॉ. ज्ञान प्रकाश सिंह, डॉ. सुधीर कुमार सिंह, डॉ. गोलुकजा द्विवेदी, डॉ. संजीव कुमार सिंह, डॉ. अर्चना श्रीवास्तव, डॉ. नेहा सिंह, डॉ. दीपशिखा सिंह, ड. धर्मेंद्र सिंह अन्य उपस्थित रहे। बाक्स..... प्राध्यापकों के साथ सरकार कर रही सौतेला व्यवहार : डॉ. जेपी जौनपुर। पूर्वांचल विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष डॉ. जेपी सिंह ने सरकार पर प्राध्यापकों के प्रथि सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि शिक्षक दिवस पर यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कैशलेश इलाज की घोषणा सभी बेसिक, माध्यमिक और उच्च शिक्षकों के लिए किया। परंतु महाविद्यालय और विश्व विद्यालय के शिक्षकों के लिए अभी तक घोषणा नही हुई। इससे निराशा और क्षोभ है। सबका साथ सबका विकाश अ करने वाली सरकार से अपेक्षा है कि न्यायपूर्ण और आवश्यकता के आधार पर सभी तरह के शिक्षकों पर ध्यान दे। प्राध्यापकों की मांग है कि तत्काल उच्च शिक्षा में सेवा दे रहे शिक्षकों के लिए कैशलेश इलाज को लेकर मंत्रिमंडल से आदेश पास कराएं। अन्यथा की स्थिति में शिक्षकों को सड़क पर उतरने को मजबूर होना होगा।

