जनगणना कर्मियों को जनगणना समाप्त होने तक विद्यालय बुलाने पर हेडमास्टर पर केस दर्ज किया जाएगा
जिले में चल रहे जनगणना कार्य को सफलतापूर्वक पूर्ण कराने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कोई भी विद्यालय जनगणना कर्मियों को जनगणना कार्य समाप्त होने तक विद्यालय में नहीं बुला सकता है। यदि कोई प्रधानाध्यापक या हेडमास्टर जनगणना कर्मियों को विद्यालयी कार्य या अन्य किसी भी कारण से बुलाते हैं तो इसे जनगणना कार्य में बाधा उत्पन्न करने तथा शासकीय कार्य में हस्तक्षेप माना जाएगा।
जिलाधिकारी ने सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों और हेडमास्टर्स को निर्देश दिया है कि वे जनगणना कर्मियों को किसी भी स्थिति में विद्यालय नहीं बुलाएं। जनगणना कर्मी निर्धारित अवधि में घर-घर सर्वेक्षण करते हैं और उन्हें पूर्ण स्वतंत्रता के साथ प्रशासन ने कहा है कि जनगणना कर्मी शासकीय दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। उन्हें विद्यालय बुलाकर शैक्षणिक कार्य में लगाना गैरकानूनी है। यदि किसी विद्यालय द्वारा ऐसा किया जाता है, तो यह जनगणना कार्य में बाधा माना जाएगा और ऐसी स्थिति में संबंधत हेडमास्टर के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत केस दर्ज किया जाएगा।
अलावा दोषी पाए जाने पर निलंबन जैसी विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। जिला प्रशासन ने जनगणना कार्य में लगे समस्त कर्मियों, विद्यालय प्रधानों तथा शिक्षकों से अपील की है कि वे प्रशासन का सहयोग करें और जनगणना कार्य को समय सीमा में पूर्ण कराने में सहयोग करें। अधिक जानकारी के लिए प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी या जिला जनगणना कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।
