स्कूलों में निरीक्षण अभियान तेज, बच्चों की उपस्थिति से लेकर मध्याह्न भोजन तक की हो रही जांच डीएम ने परखी शैक्षणिक स्थिति, शिक्षकों को प्रभावी शिक्षण का निर्देश
जिले में सरकारी विद्यालयों की शैक्षणिक गुणवत्ता और आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए जिला प्रशासन ने निरीक्षण अभियान तेज कर दिया है। डीएम नवीन ने कई विद्यालयों का निरीक्षण किया। उनके निर्देश पर गुरुवार को वरीय पदाधिकारियों और प्रखंड विकास पदाधिकारियों ने विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों और कस्तूरबा विद्यालयों का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने व्यवस्थाओं का जायजा लेने के साथ बच्चों से संवाद कर उनकी शैक्षणिक स्थिति परखी।
डीएम नवीन ने लक्ष्मीपुर के उत्क्रमित मध्य विद्यालय केनुहट, बरहट के प्लस उत्क्रमित उच्च विद्यालय बिशनपुर और राजकीय बुनियादी विद्यालय नुमर का निरीक्षण किया। अपर समाहर्ता ने जमुई बाजार स्थित प्लस टू उच्च विद्यालय, जबकि अनुमंडल पदाधिकारी ने नवीन प्राथमिक विद्यालय, अंबा शिव पोखर का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान शिक्षकों और कर्मियों की उपस्थिति, पठन-पाठन की गुणवत्ता, विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर, मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता व मात्रा, स्वच्छता, शौचालय, बिजली, पेयजल और विद्यालयी अभिलेखों की जांच की गई। डीएम ने कक्षा में पहुंचकर बच्चों को पढ़ाया और सवाल पूछकर विषयगत समझ परखी। उन्होंने शिक्षकों को बच्चों की सीखने की क्षमता के अनुरूप प्रभावी तरीके से पढ़ाने का निर्देश दिया।
ग्रामीणों से लिया फीडबैक नियमित स्कूल भेजने की अपील
डीएम ने ग्रामीणों और अभिभावकों से विद्यालय की स्थिति, शिक्षकों की उपस्थिति और बच्चों की नियमितता की जानकारी ली। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को प्रतिदिन विद्यालय भेजने की अपील की। जिला समन्वय समिति की बैठक में पदाधिकारियों को एक-एक विद्यालय गोद लेकर शैक्षणिक और आधारभूत व्यवस्था सुधारने में मार्गदर्शक की भूमिका निभाने का निर्देश दिया गया था। इसी के तहत विद्यालयों की जरूरतों का आकलन कर अतिरिक्त कक्ष, शौचालय, पेयजल, बिजली और स्वच्छता जैसी कमियों को प्राथमिकता से दूर करने की कार्रवाई की जा रही है।
