सात साल से बीएसए कार्यालय चक्कर लगा रहे मृतक आश्रितों से मृतक शिक्षिका के चिकित्सीय अवकाश भुगतान के एवज में बीएसए दफ्तर में तैनात एक बाबू पर पैसे मांगने का आरोप लगा है। मृतक आश्रित की शिकायत मिलने पर शिक्षक संगठन यूटा ने तमाम शिक्षकों के साथ बीएसए कार्यालय पर प्रदर्शन किया और आरोपित बाबू के खिलाफ बीएसए को ज्ञापन देकर उसे पटल से हटाने व कड़ी कार्रवाई की मांग की।
बेसिक शिक्षा विभाग के एक बाबू पर फिर भ्रष्टाचार का आरोप लगा है पहले भी बीएसए दफ्तर का एक बाबू भ्रष्टाचार के आरोप में जेल जा चुका है। यूटा के मंडल अध्यक्ष नीरज राजपूत व महामंत्री आलोक बाबू गुप्ता के साथ तमाम पदाधिकारियों ने बीएसए चंदना राम इकबाल यादव को शिकायत करने वाली आश्रिता का शिकायती पत्र संलग्न ज्ञापन दिया सहार ब्लॉक के जूनियर स्कूल वलिदादपुर में तैनात शिक्षिका शकुंतला की मृत्यु के सात साल बाद भी आश्रित मृतका के चिकित्सीय अवकाश भुगतान के लिए बीएसए कार्यालय में चक्कर काट रहे हैं। बीएसए को बताया कि मृतका की बहु अर्चना देवी ने संगठन को शिकायती पत्र देकर बीएसए दफ्तर के एक बाबू पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। एक शिक्षिका की मृत्यु के बाद उसके आश्रितों का सात साल से भटकना इससे शर्मनाक और क्या हो सकता है। पिछले तीन साल से आरोपित बाबू की ओर से मृतक आश्रित पीड़िता का मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा है। और अवशेष चिकित्सीय अवकाश के भुगतान के नाम से पांच हजार रुपया प्रति महीना मांगा जा रहा।
यूटा पदाधिकारियों ने बीएसए से आरोपी बाबू के खिलाफ जांच कराने व कार्रवाई की मांग की है। बीएसए चंदना राम इकबाल यादव ने कहा कि महिला की शिकायत की जांच की जाएगी। इस मौके पर नीरज राजपूत, विशाल पोरवाल, विपुल चौहान, रोहित उपाध्याय, विनय वर्मा, मनोज राठौर, धर्मेंद्र अम्बेडकर, आशीष त्रिपाठी, कुलदीप पोरवाल, दीपक गुप्ता, प्रिंस पोरवाल, नेत्रपाल सेंगर, शशिकांत गौतम, प्रवीण त्रिपाठी, प्रशांत रहे।

