मांगें पूरी नहीं हुईं तो 28 अक्तूबर को प्रदर्शन
कन्नौज। कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी एवं पेशनर्स अधिकार मंच के बैनर तले कर्मचारियों ने ग्यारह सूत्री मांगों को लेकर मोटर साइकिल रैली निकाली। कलक्ट्रेट में जनसभा की गई। अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। मांगें पूरी नहीं होने पर 28 अक्तूबर को प्रदर्शन का एलान किया गया।
अधिकार मंच के बैनर तले मंगलवार को विभिन्न विभागों के कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी और रिटायर्डकर्मी केके इंटर कालेज मैदान में इकट्ठे हुए। यहां से मोटर साइकिल रैली निकालते हुए कलक्ट्रेट पहुंचे। यहां रैली जनसभा में बदल गई। अधिकार मंच के जिलाध्यक्ष उदय नारायण यादव ने कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि पुरानी पेंशन बहाल की जाए व संविदा पर काम कर रहे लोगों को स्थायी किया जाए। रोजगार सेवकों. पीआरडी होमगार्ड, रसोइया, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। कैशलेस चिकित्सा सुविधा मिले। महंगाई भत्ते की बहाली, सेवानिवृत्त कर्मियों की मांगों के निस्तारण, शिक्षामित्र, अनुदेशकों और कस्तूरबा बालिका विद्यालय में पढ़ा रहीं शिक्षकों को स्थायी करने की मांग की गई। कहा कि सभी विभागों में वेतन विसंगतियों को समाप्त किया जाए। परिवहन विभाग में छठा वेतनमान लागू हो । संविदा चालकों और परिचालकों को स्थायी किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने मांगों पर विचार नहीं किया तो जिला मुख्यालय पर 28 अक्तबर को प्रदर्शन किया जाएगा। कर्मचारी नेताओं ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट हरीराम यादव को सौंपा।
इस दौरान अधिकार मंच के संयोजक डॉक्टर अशोक सविता, प्रधान महासचिव बदन सिंह, श्रीकृष्ण यादव मयंक दबे धर्मवीर दीपक कुशवाहा, अजय सिंह, राजेश पटेल, नरसिंह बहादुर, डॉक्टर अमित वर्मा, अनिल मिश्रा, विवेक चतुर्वेदी, नीलमलता, अतुल कुमार, रंजना सिंह, विनोद वाल्मीकि समेत सैकड़ों कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी और पेंशनर्स मौजद रहे।


