बॉन्ड से कमाई पर आयकर छूट के लिए नया फॉर्म जारी
नई दिल्ली, एजेंसी। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड ने सरकारी प्रतिभूतियों से मिलने वाले ब्याज और पूंजीगत लाभ पर आयकर छूट का दावा करने के लिए फॉर्म 173ए भरना अनिवार्य कर दिया है। इसके लिए आयकर नियम, 2026 में संशोधन किया गया है।
यह छूट मुख्य रूप से विदेशी संस्थागत निवेशकों और बैंक फॉर इंटरनेशनल सेटलमेंट्स के लिए है। आयकर अधिनियम, 2025 की अनुसूची 4 के तहत सरकारी प्रतिभूतियों से मिलने वाले ब्याज और उनकी बिक्री, विनिमय या हस्तांतरण से होने वाले पूंजीगत लाभ पर छूट का प्रावधान है। यह एक अप्रैल 2026 से लागू है।
फॉर्म 173ए में निवेशक का नाम, निवास का देश, पता, पैन, संबंधित कर वर्ष, ईमेल और संपर्क नंबर जैसी जानकारी मांगी गई है। विदेशी निवेशकों को अपने देश का टैक्स पहचान नंबर और विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक के रूप में सेबी पंजीकरण संख्या भी देनी होगी। बीआईएस के लिए इन दोनों जानकारियों में छूट है।

