सहायक शिक्षकों की भर्ती मामले में सुप्रीम कोर्ट ने दोनों पक्षों से मांगे सुझाव
69,000 शिक्षक भर्ती
, नई दिल्ली : उत्तर प्रदेश में 69,000 सहायक शिक्षकों की भर्ती मामले में सुप्रीम कोर्ट ने दोनों पक्षों से सुझाव मांगे हैं। कोर्ट ने कहा कि अगर दोनों पक्ष एकमत होते हैं तो कोर्ट संविधान के अनुच्छेद 142 में मिली विशेष शक्तियों का इस्तेमाल करके अगली सुनवाई पर चार अगस्त (मंगलवार) को केस निस्तारित कर देगा। अगर दोनों पक्ष एकमत नहीं हुए और उनमें मतभिन्नता रही तो कोर्ट इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले के विरुद्ध लंबित याचिकाओं की मेरिट पर सुनवाई करेगा।
जस्टिस दीपांकर दत्ता एवं जस्टिस शील नागू की पीठ ने मंगलवार को मामले की सुनवाई के दौरान यह बात कही। कोर्ट ने पिछली सुनवाई पर सभी पक्षों को लिखित दलीलें दाखिल करने का निर्देश देते हुए मामले को 28 जुलाई को अंतिम सुनवाई के लिए लगा दिया था। लेकिन मंगलवार को मामले पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि उन्हें सभी पक्षों की लिखित दलीलें अभी प्राप्त नहीं हुई हैं। इसके लिए कोर्ट ने पक्षकारों को बुधवार तक का समय और दे दिया।
इसी बीच आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के वकील ने कोर्ट से कहा कि वह पिछली सुनवाई पर भी कह चुके हैं और अब भी उनका यही कहना है कि जब प्रदेश सरकार के पास रिक्तियां हैं तो उन्हें नौकरी में समायोजित करके केस निस्तारित कर दिया जाए। उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से दाखिल की गई लिखित दलीलों में दिए ब्योरे और पिछली सुनवाइयों पर दिए गए आंकड़ों का हवाला दिया।
