UP Cabinet Meeting 2026: माध्यमिक शिक्षा विभाग के कर्मचारियों और उनके आश्रितों को बड़ी राहत, कैशलेस इलाज के प्रस्ताव को मंजूरी
उत्तर प्रदेश के माध्यमिक शिक्षा विभाग में कार्यरत शिक्षणेतर कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में 27 अक्टूबर 2026 को आयोजित कैबिनेट बैठक में 48,062 शिक्षणेतर कार्मिकों एवं उनके आश्रितों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई है।
किन कर्मचारियों को मिलेगा लाभ?
कैबिनेट के निर्णय के अनुसार, इस सुविधा के दायरे में माध्यमिक शिक्षा विभाग से जुड़े निम्नलिखित विद्यालयों एवं संस्थानों में कार्यरत शिक्षणेतर कार्मिकों और उनके आश्रितों को शामिल किया गया है।
अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय।
वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालय।
अशासकीय सहायता प्राप्त संस्कृत माध्यमिक विद्यालय।
वित्तविहीन संस्कृत माध्यमिक विद्यालय।
संस्कृत महाविद्यालय।
इस निर्णय से कुल 48,062 शिक्षणेतर कार्मिकों को लाभ मिलने का उल्लेख किया गया है। इनके आश्रितों को भी प्रस्तावित सुविधा का लाभ मिलेगा।
सरकारी और निजी अस्पतालों में मिलेगा इलाज
प्रस्ताव के अनुसार, पात्र कर्मचारियों एवं उनके आश्रितों को सरकारी चिकित्सालयों और संबद्ध निजी अस्पतालों में IPD (In-Patient Department) यानी अस्पताल में भर्ती होकर इलाज कराने की कैशलेस सुविधा उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी।
इस सुविधा से पात्र कर्मचारियों को इलाज के खर्च को लेकर राहत मिलने की उम्मीद है।
कर्मचारियों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह निर्णय?
माध्यमिक शिक्षा विभाग के शिक्षणेतर कर्मचारी विद्यालयों और शैक्षणिक संस्थानों के प्रशासनिक एवं अन्य आवश्यक कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कैशलेस चिकित्सा सुविधा मिलने से उन्हें और उनके परिवारों को गंभीर बीमारी या अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में आर्थिक राहत मिल सकती है।

